
पहलगाम हमले के बाद भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ये बयान दिया था कि मैं बहुत स्पष्ट शब्दों में कहना चाहता हूं कि इन आतंकवादियों और इस हमले की साजिश रचने वालों को उनकी कल्पना से भी बड़ी सजा मिलेगी. प्रधानमंत्री के इस बयान के बाद से ही तीनों सेनाएं आंतकियों पर हमले की तैयारी में लगी थीं और 6-7 मई की रात को भारत की तीनों सेनाओं ने मिलकर पाकिस्तान में नौ आतंकी ठिकानों पर एयर स्ट्राइक को अंजाम दिया. जानिये कब, कहां-कहां और कैसे हुआ ये हमला और इसका अंजाम क्या रहा.

1. बहावलपुर – अंतरराष्ट्रीय सीमा से लगभग 100 किमी दूर स्थित है, यहां जैश-ए-मोहम्मद का मुख्यालय था, जिसे भारतीय सेनाओं ने ध्वस्त कर दिया है
.2. मुरीदके– ये आतंकी ठिकाना इंटरनेशनल बॉर्डर से 30 किमी दूर स्थित है, यहां लश्कर-ए-तैयबा का शिविर था, जो कि 26/11 मुंबई हमले से जुड़ा था.

3. गुलपुर- ये आतंकी ठिकाना LoC (पुंछ-राजौरी) से 35 किलोमीटर दूर स्थित है.
4. लश्कर कैंप सवाई – ये आतंकी ठिकाना पीओके तंगधार सेक्टर के अंदर 30 किलोमीटर दूर स्थित है.
5. बिलाल कैंप – जैश-ए-मोहम्मद का लॉन्चपैड, ये ठिकाना आतंकियों को सीमा पार भेजने के लिए इस्तेमाल किया जाता था.
6. कोटली – एलओसी से 15 किमी दूर स्थित लश्कर का शिविर. ये 50 से अधिक आतंकियों की क्षमता वाला ठिकाना था.. बरनाला कैंप– ये आतंकी ठिकाना LoC से 10 किमी दूर स्थित था.

8. सरजाल कैंप- सांबा-कठुआ के सामने इंटरनेशनल बॉर्डर से 8 किमी दूर स्थित जैश का प्रशिक्षण केंद्र.
9 मेहमूना कैंप (सियालकोट के पास)– ये हिज्बुल मुजाहिदीन का प्रशिक्षण शिविर था और इंटरनेशनल बॉर्डर से 15 किमी दूरी पर स्थित था.भारत ने लक्ष्य को चुनने में संयम बरतीः रक्षा मंत्रालय

भारत की एयर स्ट्राइक के बाद रक्षा मंत्रालय की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया था कि ‘थोड़ी देर पहले, भारतीय सशस्त्र बलों ने ‘ऑपरेशन सिंदूर’ की शुरुआत की, जिसमें पाकिस्तान और पीओके में स्थित उन आतंकवादी ढांचों को निशाना बनाया गया, जहां से भारत के खिलाफ आतंकी हमलों की योजना बनाई जा रही थी और उन्हें अंजाम दिया जा रहा था.’ आगे कहा गया कि कुल मिलाकर 9 स्थानों को निशाना बनाया गया है.
इसमें स्पष्ट कहा गया है कि हमारा एक्शन गैर-उकसावे वाला है. किसी भी पाकिस्तानी सैन्य प्रतिष्ठान को निशाना नहीं बनाया गया है. भारत ने लक्ष्य को चुनने में संयम बरती है.








