वाराणसी। रेलवे स्टेशनों पर यात्रियों की सुरक्षा और किसी भी अनहोनी से निपटने के लिए भारतीय रेल हमेशा तत्पर रहती है। इसी कड़ी में आज वाराणसी जंक्शन (कैंट) रेलवे स्टेशन पर एक विशेष अग्नि सुरक्षा प्रशिक्षण शिविर का आयोजन किया गया। इसका मुख्य उद्देश्य रेलवे कर्मचारियों को आग लगने जैसी आपातकालीन स्थितियों के लिए तैयार करना और सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाना था।
वरिष्ठ अधिकारियों की देखरेख में हुआ आयोजन
यह महत्वपूर्ण प्रशिक्षण अपर मंडल रेल प्रबंधक बृजेश कुमार, स्टेशन निदेशक अर्पित गुप्ता और मंडल यांत्रिक अभियंता divakar वार्ष्णेय के कुशल निर्देशन में संपन्न हुआ। शिविर में न केवल रेलवे के स्थायी कर्मचारी, बल्कि खान-पान और यात्री सुविधाओं से जुड़े निजी संस्थानों के कर्मियों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
सीखा आग बुझाने का व्यावहारिक तरीका
प्रशिक्षण के दौरान वाराणसी अग्निशमन विभाग (Fire Department) के विशेषज्ञों ने कर्मचारियों को बारीकी से समझाया कि आग किन कारणों से लग सकती है और शुरुआत में ही उस पर कैसे काबू पाया जाए।
अग्निशामक यंत्र का प्रयोग: कर्मियों को विभिन्न प्रकार के फायर एक्सटिंगुइशर (अग्निशामक यंत्रों) को चलाने का व्यावहारिक अभ्यास कराया गया।
घरेलू गैस सिलेंडर डेमो: शिविर का मुख्य आकर्षण गैस सिलेंडर में लगी आग को बुझाने का लाइव डेमो था, जिसमें बताया गया कि बिना डरे सूझबूझ से कैसे बड़ा हादसा टाला जा सकता है।
100 से अधिक कर्मचारी हुए शामिल
इस ट्रेनिंग में आई.आर.सी.टी.सी के जनआहार, फूडट्रैक, रिटायरिंग रूम, एक्जीक्यूटिव लाउंज और प्लेटफॉर्म स्थित फूड यूनिट्स के लगभग 100 कर्मचारी शामिल हुए। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि समय-समय पर ऐसे आयोजनों से कर्मचारियों का आत्मविश्वास बढ़ता है और यात्रियों की यात्रा और अधिक सुरक्षित सुनिश्चित होती है।





